बागवानी क्षेत्र में अधिक आय एवं रोजगार की संभावना पर एक दिवसीय कार्यशाला
बाढ़। राष्ट्रीय बागवानी बोर्ड, पटना एवं कृषि विज्ञान केन्द्र बाढ़ पटना के संयुक्त तत्वाधान में 21सितम्बर 2026 को एक दिवसीय किसान प्रशिक्षण का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ राष्ट्रीय बागवानी बोर्ड के उप निदेशक डाo राज पांडे , डाo रीता सिंह, वरीय वैज्ञानिक एवं प्रधान, कृषि विज्ञान केन्द्र, पटना एवं प्रगतिशील कृषकों के द्वारा दीप प्रज्जवलन कर किया गया। केन्द्र की प्रधान डाo रीता सिंह ने कृषि विज्ञान केन्द्र की गतिविधियों का विस्तारपूर्वक उल्लेख किया साथ ही साथ समेकित कृषि प्रणाली को अपनाने की सलाह दी। इस कार्यक्रम में बागवानी फसलों के उत्पादन एवं कटाई उपरांत प्रबंधन के माध्यम से वाणिज्यिक बागवानी का विकास, फलों की खुले क्षेत्रों में खेती, बटन मशरूम उत्पादन, टिशू कल्चर इकाई की स्थापना, उच्च मूल्य वाली सब्जियों व फूलों की संरक्षित खेती, कोल्ड स्टोरेज निर्माण, विस्तार एवं आधुनिकीकरण के लिए पूंजी निवेश अनुदान योजना पर राष्ट्रीय बागवानी बोर्ड कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार की किसानों के लिए वित्तीय एवं तकनीकी सहायता पर विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।
इस कार्यक्रम में किसानों को परियोजना विकसित करने, अनुदान योग्य परियोजना प्रस्ताव तैयार करना आदि विषयों पर भी किसानों को जानकारी दी गयी। इस कार्यक्रम में केन्द्रीय उपोष्ण बागवानी संस्थान, लखनऊ के प्रधान वैज्ञानिक डाo संजय कुमार सिंह ने किसानों से अमरूद, जामुन, बेल, आंवला, करौंदा के साथ अन्य अल्प दोही फलों के प्रयोग करते हुए जैव विविधता बढ़ाने पर बल दिया। उन्होंने किसानों से बिहार राज्य जैव विविधता परिषद, पटना से जुड़कर जैव विविधता का संरक्षण में शामिल होने का अवाहन किया। इस कार्यक्रम में पटना जिले के विभिन्न प्रखंडों के लगभग 50 कृषकों ने भाग लिया।


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