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मशरूम उत्पादन विषय पर पांच दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन

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Samvad AapTak:कृषि विज्ञान केन्द्र बाढ़, पटना में मशरूम उत्पादन विषय पर ग्रामीण युवक/युवतियों के लिए पाँच दिवसीय कौशल प्रशिक्षण आयोजित किया जा रहा है। इस कार्यक्रम का उदघाटन डाo रीता सिंह, वरीय वैज्ञानिक एवं प्रधान एवं कार्यक्रम का मुख्य प्रशिक्षक श्री राजीव कुमार, वैज्ञानिक (मृदा विज्ञान, डाo पुष्पम पटेल, वैज्ञानिक (उद्यान) एवं श्रीमती संगीता कुमारी, वैज्ञानिक (PBG)के द्वारा संयुक्त रूप से किया गया। इस कार्यक्रम में प्रशिक्षणार्थियों को खाने योग्य विभिन्न मशरूम का परिचय, उसे उगाने हेतु आधारभुत संरचना निर्माण, विभिन्न मशरूम को उगाने हेतु अनुकूल तापक्रम एवं आद्रता की स्थिति भूसे का निर्जीवीकरण, स्पाॅनींग आदि विषयों पर विस्तृत जानकारी दी गयी। प्रायोगिक कक्षा में आज प्रशिक्षणार्थियों के द्वारा आएस्टर मशरूम के लिए भूसे का शोधन, स्पाॅनींग एवं बैग तैयार किया गया। प्रशिक्षण कार्यक्रम में पटना जिले के विभिन्न प्रखंडों से कुल 40 प्रशिक्षणार्थी भाग ले रहे हैं।

शिक्षा विभाग की तानाशाही के कारण संस्कृत विद्यालय के शिक्षकों का वेतन अवरुद्ध

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राज्य के अराजकीय प्रस्वीकृत संस्कृत विद्यालय के शिक्षकों एवं कर्मियों को लगभग पाँच माह से वेतन भुगतान नहीं हुआ है, बिना वेतन के तमाम संस्कृत शिक्षक घनघोर आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं। बिहार राज्य संस्कृत प्राथमिक-सह- माध्यमिक शिक्षक संघ की पटना जिला इकाई के तरफ से कुमार गणेश दत्त ने इस आशय की जानकारी देते हुए कहा कि राज्य के 531 संस्कृत विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों एवं कर्मियों का वेतन-भुगतान स्थलीय जॉच के नाम पर लगभग पाँच माह से अवरूद्ध रखा गया है- जो न्यायोचित नहीं है। उन्होंने बताया कि वर्ष 1992 में सरकार द्वारा संस्कृत विद्यालयों का भौतिक जॉच कराया गया था। जॉच में सही पाए गए 531 संस्कृत विद्यालयों को ही सरकार द्वारा वेतनानुदान दिया जाता है। इसके बावजूद शिक्षा विभाग द्वारा गलत मानदंड के आधार पर जॉच का आदेश दिया गया है। सचिव, शिक्षा विभाग, बिहार के पत्रांक 10/चि० 22-13/2026 /1217 दिनांक 01.06.2026 द्वारा जिला पदाधिकारी को निर्गत पत्र में विभागीय संकल्प सं0-793 दिनांक 18.06.1994 के अनुसार संस्कृत विद्यालयों के "जॉच का आदेश दिया गया। पुनः निदेशक (मा०शि०), शिक्षा विभाग, बिहार के प...

उपकारा बाढ़ में कैदियों को मिला मशरूम उत्पादन पर प्रशिक्षण

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कृषि विज्ञान केन्द्र बाढ़, पटना के सौजन्य से बाढ़ उपकारा में बंद कैदियों के लिए पाँच दिवसीय मशरूम उत्पादन प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य कैदियों को जेल से रिहाई उपरांत स्वरोजगार से जोड़ना है। इस अवसर पर श्री सत्येन्द्र कुमार, उपकारा अधीक्षक, श्री गौतम प्रसाद, प्राo उपकारा उपाधीक्षक, श्री मुकूंद कुमार, सचिव भारत विकास परिषद, डाo रीता सिंह, वरीय वैज्ञानिक एवं प्रधान, कृषि विज्ञान केन्द्र, बाढ़, पटना एवं डाo पुष्पम पटेल, वैज्ञानिक (उद्यान) ने प्रशिक्षण का सफल संचालन किया।  इस अवसर पर डाo रीता सिंह ने बतलाया कि मशरूम कम जगह, कम लागत और कम समय में तैयार हो जाता है। उन्होंने बतलाया कि मशरूम शीघ्र तथा अधिक आय का श्रोत है इसलिए यह कैदियों के लिए स्वरोजगार का बेहतर श्रोत बन सकता है। प्रशिक्षण को आगे बढ़ाते हुए डाo पटेल ने विस्तृत रूप में मशरूम के वैज्ञानिक खेती पर चर्चा की। श्री सत्येन्द्र कुमार ने कहा कि इस तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रम कैदियों के पुनर्वास और समाज की मुख्यधारा से जूड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभायेंगे। श्री गौतम प्रसाद, श्री कृष्ण रजक, सुश्री फरहत प्रव...

राष्ट्रव्यापी खेत बचाओ अभियान का समापन

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Samvad AapTak:दिनांक 30.06.2026 को राष्ट्रव्यापी खेत बचाओ अभियान के अंतर्गत पटना जिले के ग्राम-टिल्हार, प्रखंड-बेलछी से इस कार्यक्रम का समापन किया गया। इस कार्यक्रम में केन्द्र के वरीय वैज्ञानिक एवं प्रधान डाॅ रीता सिंह और मृदा विज्ञान के वैज्ञानिक श्री राजीव कुमार एवं गाँव के कृषकों ने भाग लिया। केन्द्र के प्रधान ने अपने संबोधन में उपस्थित कृषकों को कृषि विज्ञान केन्द्र द्वारा चलायी जा रही कृषकों के लिए प्रशिक्षण, कौशल विकास एवं प्रत्यक्षण कार्यक्रम की जानकारी दी। उन्होंने किसानों को टिकाऊ खेती हेतु हरी खाद का प्रयोग, संतुलित उर्वरकों का प्रयोग एवं फसल चक्र अपनाने की सलाह दी। मृदा वैज्ञानिक ने अपने संबोधन में किसानों से अपील की, वे कृषि रासायनों के प्रयोग से पहले कृषि विज्ञान केन्द्र के वैज्ञानिकों से उचित सलाह लेकर ही खेतों में उर्वरकों का प्रयोग करें। उन्होंने किसानों से मिट्टी जाँच कराने की भी सलाह दी ताकि मिट्टी की सेहत अच्छी बनी रहे तथा उससे प्राप्त उत्पाद उच्च गुणवत्तायुक्त एवं विष मुक्त प्राप्त हो जो मानव स्वास्थ्य एवं पर्यावरण के अनुकूल हो। उन्होंने किसानों को अपने खेत में हरी...